सीमांत जनपद पिथौरागढ़ के लिए बड़ी खुशखबरी है। नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने पिथौरागढ़ में मेडिकल कॉलेज संचालित करने को मंजूरी दे दी है। इस सत्र में कॉलेज को 50 एमबीबीएस सीटों पर प्रवेश की अनुमति मिली है। जल्द ही इस संबंध में आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी होने की उम्मीद है।
पिथौरागढ़ में मेडिकल कॉलेज शुरू करने के लिए राज्य सरकार पिछले कई वर्षों से प्रयासरत थी। पिछले एक साल में सरकार की ओर से तीन बार कॉलेज को इसी सत्र से शुरू करने के लिए NMC से अनुमति मांगी गई। शुरुआती दो निरीक्षणों में कुछ कमियां मिलने के बाद उन्हें दूर किया गया और तीसरे प्रयास में कॉलेज को मंजूरी मिल गई।
चिकित्सा शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार NMC ने कॉलेज को हरी झंडी दे दी है। चिकित्सा शिक्षा निदेशक डॉ. आशुतोष सयाना ने भी इसकी पुष्टि की है।
प्रदेश का छठा सरकारी मेडिकल कॉलेज
पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज की मंजूरी के साथ ही उत्तराखंड में सरकारी मेडिकल कॉलेजों की संख्या पांच से बढ़कर छह हो जाएगी। कॉलेज शुरू होने से NEET उत्तीर्ण छात्रों को राज्य में एमबीबीएस की अतिरिक्त सीटें उपलब्ध होंगी, वहीं सीमांत क्षेत्र की जनता को भी बेहतर चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिलने की उम्मीद है।
सरकार की ओर से इस सत्र में कॉलेज को 100 एमबीबीएस सीटों तक बढ़ाने के प्रयास भी किए जा रहे हैं। मंजूरी के साथ राज्य के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस सीटों की संख्या बढ़कर 675 हो गई है।
पिथौरागढ़ में मेडिकल कॉलेज की शुरुआत को सीमांत क्षेत्र में चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

