पिथौरागढ़। जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी, पारदर्शी एवं जनहितकारी बनाने के उद्देश्य से मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. जे. एस. चुफाल ने शुक्रवार को जिला औषधि भंडार केंद्र का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने दवाओं के भंडारण, खरीद प्रक्रिया, उपलब्धता एवं वितरण व्यवस्था का विस्तृत जायजा लिया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान सीएमओ ने दवा क्रय प्रक्रिया की समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी दवा की खरीद से पहले व्यापक मार्केट सर्वे किया जाए। उन्होंने कहा कि विभिन्न कंपनियों की दरों एवं गुणवत्ता के आधार पर तुलनात्मक विश्लेषण चार्ट (Comparative Analysis Chart) तैयार करना अनिवार्य होगा। इसी के आधार पर दवाओं का क्रय किया जाए, ताकि गुणवत्तापूर्ण दवाएं प्रतिस्पर्धी दरों पर उपलब्ध हो सकें और सरकारी धन का समुचित उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
डॉ. चुफाल ने निर्देश दिए कि दवाओं का क्रय केवल राज्य सरकार द्वारा स्वीकृत Essential Drug List (ईडीएल) के अनुरूप ही किया जाए। साथ ही उन्होंने आवश्यक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक बनाए रखने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी मरीज को दवा के अभाव का सामना न करना पड़े।
उन्होंने विशेष रूप से कहा कि राज्य सरकार के निर्देशानुसार जिले में संचालित विभिन्न स्वास्थ्य शिविरों एवं विशेष अभियान कार्यक्रमों में उपयोग होने वाली सभी आवश्यक दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता हर समय सुनिश्चित की जाए, जिससे शिविरों में आने वाले मरीजों को तत्काल उपचार एवं दवाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
निरीक्षण के दौरान सीएमओ ने मानसिक स्वास्थ्य क्लीनिक का भी निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बताया कि मानसिक रोगियों के लिए आवश्यक दवाएं वर्तमान में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि यदि किसी दवा की अतिरिक्त आवश्यकता हो तो जिला अस्पताल में जमा होने वाले यूजर चार्ज की राशि से जन औषधि केंद्र के माध्यम से आवश्यक दवाओं का क्रय किया जाए, ताकि मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत उपचाररत किसी भी मरीज को दवाओं की कमी का सामना न करना पड़े और उन्हें समुचित मात्रा में दवाएं नियमित रूप से उपलब्ध कराई जा सकें।
औचक निरीक्षण के उपरांत मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने जिला औषधि भंडार केंद्र परिसर में चीफ फार्मासिस्ट अधिकारी एवं वहां कार्यरत स्टाफ के साथ पौधारोपण भी किया। इस अवसर पर उन्होंने पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए कहा कि पौधारोपण केवल एक अभियान नहीं, बल्कि भावी पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करने का सामूहिक दायित्व है। उन्होंने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से अधिकाधिक पौधे लगाने और उनकी नियमित देखभाल करने का आह्वान किया।
निरीक्षण के अंत में मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने कहा कि दवा क्रय एवं वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि अभिलेखों का नियमित संधारण किया जाए तथा प्रत्येक स्तर पर शासन के दिशा-निर्देशों का पूर्णतः पालन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने दोहराया कि मरीजों को समय पर गुणवत्तापूर्ण दवाएं उपलब्ध कराना स्वास्थ्य विभाग की सर्वोच्च जिम्मेदारी है तथा इस संबंध में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सीएमओ का जिला औषधि भंडार केंद्र का किया औचक निरीक्षण।
